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केशकाल, 14 जुलाई
केशकाल नगर पंचायत में शासकीय धन के दुरुपयोग का एक गंभीर मामला उजागर हुआ है। इरफान मुसानी के घर से समीर मंडल के घर तक लगभग 200 मीटर लंबी आरसीसी नाली का निर्माण छह महीने पहले नगर पंचायत द्वारा कराया गया था। लेकिन हाल ही में उस पूरी नाली को जेसीबी की मदद से मिट्टी डालकर ढक दिया गया, जिससे इस निर्माण की उपयोगिता पर सवाल उठने लगे हैं।
इसकी जानकारी मिलने पर जिला कोंडागांव के पत्रकारों ने मौके पर जाकर निरीक्षण किया, जहां नाली पूरी तरह मिट्टी से पटी हुई मिली और निर्माण कार्य से संबंधित कोई सूचना बोर्ड भी नहीं लगा था। इससे यह संदेह गहराता है कि नगर पंचायत द्वारा जानबूझकर जानकारी छुपाई गई है।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि यदि नाली की आवश्यकता नहीं थी तो निर्माण क्यों कराया गया? और अगर निर्माण किया गया था, तो उसे मिट्टी से क्यों ढक दिया गया? यह सब दर्शाता है कि कार्य केवल कागजों में दिखाने के लिए किया गया और शासकीय राशि का दुरुपयोग किया गया।
जब इस संबंध में नगर पंचायत के सीएमओ कामेश्वर कावड़े और इंजीनियर करभाल से सवाल किए गए तो उन्होंने कोई स्पष्ट जवाब नहीं दिया। सीएमओ का कहना था कि “जब आवश्यकता होगी तब नाली का उपयोग किया जाएगा,” जबकि निर्माण की लागत की जानकारी देने से दोनों अधिकारी बचते रहे।
सबसे चिंताजनक बात यह है कि नाली की दिशा गलत पाई गई है। पानी की निकासी जिस दिशा में होनी चाहिए थी, वहां न बनाकर विपरीत दिशा में नाली बनाई गई है, जिससे जल निकासी बाधित हो रही है।
स्थानीय लोगों ने इस मामले की उच्चस्तरीय जांच की मांग की है और दोषी अधिकारियों, कर्मचारियों तथा ठेकेदार पर कड़ी कार्रवाई कर शासकीय धन की वसूली सुनिश्चित करने की अपील की है।