कोण्डागांव जिले के चिचपोलंग, पुसपाल, मटवाल, बावड़ी, बेतवेड़ा, बनउसरी, मोहलाई और सिलाटी गांवों के लगभग 250 किसान सूरजमुखी और तिलहन की खेती कर अपनी आर्थिक स्थिति सुधार रहे हैं। संस्था प्रदान द्वारा इस पहल के तहत 200 एकड़ भूमि पर उन्नत कृषि तकनीकों से खेती कराई जा रही है।
बावड़ी की महिला किसान बायको और अनिता मरकाम पहली बार सूरजमुखी की खेती कर लाभान्वित हुई हैं। वहीं, आसमती, प्रवती, मंगल, सुकमन और पुष्पलता तिलहन की फसल से अच्छी पैदावार की उम्मीद कर रहे हैं। वैज्ञानिक पद्धति से की जा रही इस खेती में प्रति एकड़ 5-6 क्विंटल उत्पादन का अनुमान है, जिससे प्रत्येक किसान को करीब 20,000 रुपये का अतिरिक्त लाभ होगा।
संस्था ने किसानों को तेल निकालने की मशीन भी उपलब्ध कराई है, जिससे वे अपनी फसल का अधिकतम लाभ ले सकें। इस पूरी प्रक्रिया में संस्था के विशेषज्ञ दिनेश जयसवाल, श्रुति, तेज प्रकाश और महेंद्र की टीम किसानों को निरंतर मार्गदर्शन दे रही है। इस पहल से किसानों को आर्थिक मजबूती मिलने के साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों में कृषि को नई दिशा मिल रही है।
