*कोण्डागांव वन विभाग की विवादास्पद तालाब निर्माण ने ग्रामीणों का रोजगार छीन ली*

👇खबर सुनने के लिए प्ले बटन दबाएं

कोण्डागांव जिले के ग्राम पंचायत बम्हनी में वन विभाग द्वारा जंगल के बीच एक तालाब का निर्माण करवाया गया है, जिसमें स्थानीय मजदूरों की जगह मशीनों का प्रयोग किया गया। इस कदम से ग्रामीण रोजगार के अवसर छीनने के साथ-साथ ठेकेदारों को अनुचित लाभ प्राप्त हो रहा है।

मामले पर स्थानीय लोगों का कहना है कि उन्हें कभी भी तालाब निर्माण की कोई जानकारी नहीं दी गई। जब निर्माण कार्य पूरा हुआ, तब ही गाँववालों को इसकी सूचना मिली। ग्रामीणों के अनुसार, यदि मजदूरों का रोजगार कराया जाता तो उनके परिवारों की आर्थिक स्थिति मजबूत होती, लेकिन अब ठेकेदारों के माध्यम से परियोजना को अंजाम देने से बेरोजगारी में इजाफा हो रहा है।

इस परियोजना में तालाब की लागत राशि को सार्वजनिक नहीं किया गया है और न ही सूचना पटल स्थापित किया गया, जिससे पारदर्शिता की कमी पर सवाल उठते हैं। अधिकारीयों पर आरोप लगे हैं कि वे ठेकेदारों के साथ साठगाठ करके सरकारी योजनाओं का गलत उपयोग कर रहे हैं। ऐसे में ग्रामीणों का मानना है कि प्रशासन रोजगार सृजन के बजाय ठेकेदारों को मालामाल बनाने में सहायक सिद्ध हो रहा है।

स्थानीय समाज के कुछ नेता इस मुद्दे पर कड़ा प्रदर्शन और प्रशासन से जांच की मांग करने की बात कह रहे हैं उनका कहना है कि यदि ऐसे अनुचित कदम उठाए जाते रहे तो गाँव के युवा नौकरी की तलाश में पलायन करने को मजबूर हो जाएंगे। प्रशासन से अपील की जा रही है कि इस मामले की गहन जांच करते हुए परियोजना में पारदर्शिता सुनिश्चित की जाए और भविष्य में ग्रामीणों के हितों का ध्यान रखा जाए।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *